भारत रक्षक न्यूज
महराजगंज जनपद में भ्रष्टाचार के खिलाफ एंटी करप्शन टीम ने शनिवार को बड़ी और सनसनीखेज कार्रवाई करते हुए 2019 बैच के दरोगा मोहम्मद अशरफ खान को 50 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार कर लिया। यह कार्रवाई फरेंदा थाना क्षेत्र से जुड़े एक मामले में की गई, जिससे पूरे पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है।
गिरफ्तार दरोगा मोहम्मद अशरफ खान, मूल रूप से गाजीपुर जनपद का निवासी बताया जा रहा है और वर्तमान में महराजगंज जनपद में तैनात था। एंटी करप्शन विभाग को उसके खिलाफ शिकायत मिली थी कि वह एक प्रकरण में राहत देने और कानूनी कार्रवाई से बचाने के नाम पर पीड़ित से लगातार रिश्वत की मांग कर रहा था।
शिकायत को गंभीरता से लेते हुए एंटी करप्शन टीम ने पहले गोपनीय जांच कराई। जांच में आरोप सही पाए जाने पर टीम ने पूरी रणनीति के साथ जाल बिछाया। पूर्व निर्धारित योजना के अनुसार जैसे ही दरोगा ने शिकायतकर्ता से 50 हजार रुपये की रिश्वत स्वीकार की, पहले से मौके पर मौजूद एंटी करप्शन टीम ने उसे तत्काल दबोच लिया। कार्रवाई के दौरान रिश्वत की पूरी रकम भी बरामद कर ली गई।
एंटी करप्शन टीम के प्रभारी शिव मनोहर यादव ने गिरफ्तारी की पुष्टि करते हुए बताया कि आरोपी के खिलाफ भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मुकदमा दर्ज किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मामले से जुड़े सभी दस्तावेजी और तकनीकी साक्ष्य एकत्र किए जा रहे हैं, ताकि न्यायिक प्रक्रिया को पूरी मजबूती के साथ आगे बढ़ाया जा सके।
सूत्रों के अनुसार, इस गिरफ्तारी के बाद दरोगा की भूमिका से जुड़े अन्य मामलों की भी गहन जांच की जाएगी। साथ ही यह भी पड़ताल की जा रही है कि इस घूसखोरी के नेटवर्क में कोई अन्य पुलिसकर्मी या अधिकारी तो शामिल नहीं है।
एंटी करप्शन टीम ने स्पष्ट किया है कि जांच पूरी होने के बाद आगे की कार्रवाई और पूरे मामले से जुड़ी विस्तृत जानकारी आधिकारिक रूप से सार्वजनिक की जाएगी। इस कार्रवाई के बाद जनपद के पुलिस विभाग में दहशत का माहौल है और इसे भ्रष्टाचार के खिलाफ एक कड़ा संदेश माना जा रहा है।



