उत्तरप्रदेशक्राइम

दुष्कर्म के आरोपित राही मासूम रजा सहित दो पुलिस को कारावास

भारत रक्षक न्यूज संवाददाता

भारत रक्षक न्यूज

महराजगंज। सदर कोतवाली क्षेत्र वीर बहादुर नगर निवासी मासूम रजा राही उर्फ राही मासूम रजा को अनुसूचित जाति की नाबालिग लड़की से दुष्कर्म करने तथा उसके पिता को जहरीला पदार्थ खिलाकर

हत्या करने के आरोप में विशेष सत्र न्यायाधीश पॉक्सो कोर्ट विनय कुमार सिंह ने दोषी करार करते हुए आजीवन कारावास तथा लगभग दो लाख के अर्थदंड से दंडित किया है। पत्रावली से मिली जानकारी के अनुसार पीड़िता के पिता आरोपित राही मासूम रजा के मकान में अपने

मामले में आरोपित का सहयोग करने वाले देवरिया जिले का निवासी पुलिसकर्मी आबिद अली तथा बिस्मिल नगर निवासी गुड्डू शाह उर्फ मुमताज अली पीड़िता को प्रलोभन देकर साक्ष्य मिटाने के आरोप में विशेष सत्र न्यायाधीश ने चार वर्ष के कारावास तथा छह हजार रुपये अर्थदंड से दंडित किया है।
पांच नाबालिग बच्चों के साथ किराए पर रहते थे। जिनमें से चार नाबालिग लड़कियां व एक पुत्र है। पीड़िता के पिता ठेला रेहडी लगाकर अंडा पकौड़ी बेचते थे। आरोपित ने पीड़िता के साथ अपने मकान में ही दुष्कर्म किया, उस समय उसके पिता घर पर नहीं थे और उसके भाई बहन पढ़ने गए थे। इस घटना के बारे में पीड़िता ने डर व लोकलाज की वजह से किसी अन्य को नहीं बताई, केवल अपनी छोटी बहन से इसकी चर्चा की। दुष्कर्म के इस घटना के लगभग एक-दो दिन बाद पुनः आरोपित पीड़िता के पास आया

और उसके छोटे भाई को मारने पीटने लगा तथा पीड़िता की छोटी बहन का दुपट्टा खींच कर छेड़खानी करने लगा। शाम को जब पीड़िता के पिता घर आए तो उनको नाबालिग बेटियों ने सारी बातें बतायी। जिसकी शिकायत जब पीड़िता के पिता ने राही मासूम रजा से किया, तो उसने धमकी दिया कि तुमको जान से मार डालेंगे। इस घटना के दो दिन बाद पीड़िता के पिता की जहर के कारण तबीयत खराब हो गई, जिनका इलाज के दौरान मृत्यु हो गया। पीड़िता के लिखित तहरीर पर पांच सितंबर

2023 को थाना कोतवाली ने राही मासूम रजा के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर विवेचना के पश्चात आरोपित मासूम रजा राही उर्फ राही मासूम रजा को अनुसूचित जाति के नाबालिग लड़की के साथ दुष्कर्म तथा अनुसूचित जाति के व्यक्ति को जहरीला पदार्थ खिलाकर हत्या करने के आरोप में तथा भटनी देवरिया निवासी व जिले में कार्यरत पुलिसकर्मी आबिद अली व बिस्मिल नगर निवासी गुड्डु शाह उर्फ मुमताज अली को पीड़िता को प्रलोभन देकर साक्ष्य मिटाने के आरोप में आरोप पत्र न्यायालय समक्ष प्रस्तुत किया। मुकदमे के परीक्षण के दौरान विशेष सत्र न्यायाधीश पॉक्सो कोर्ट विनय कुमार सिंह ने अभिलेखीय साक्ष्यों, गवाहों तथा विशेष लोक अभियोजक विनोद कुमार सिंह व बचाव पक्ष की दलीलों को सुनने के बाद आरोपितों को सजा सुनाया।

Bharat Rakshak News

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button
error: Content is protected !!